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अंतिम दिनों के मसीह के लिए गवाहियाँ 

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भाग 3

नए विश्वासियों के लिए सच्चाई पर प्रश्नोत्तर

1न्याय क्या है?
2परमेश्वर को लोगों का न्याय और उनकी ताड़ना क्यों करनी पड़ती है?
3बचाए जाने के लिए लोगों को परमेश्वर के न्याय और उसकी ताड़ना का अनुभव कैसे करना चाहिए?
4सच्ची प्रार्थना करने का क्या मतलब है?
5परमेश्वर के साथ कोई एक सामान्य सम्बन्ध कैसे स्थापित कर सकता है?
6एक ईमानदार व्यक्ति क्या होता है? परमेश्वर ईमानदार लोगों को क्यों पसंद करता है?
7एक धोखेबाज व्यक्ति क्या है? धोखेबाज़ लोगों को क्यों नहीं बचाया जा सकता है?
8ईमानदार व्यक्ति और धोखेबाज व्यक्ति में क्या अंतर है?
9ईमानदार व्यक्ति बनने में प्रवेश का अभ्यास कैसे करना चाहिए?
10अपने कर्तव्य को करने का क्या अर्थ है?
11अपने कर्तव्य को करने और सेवा करने में क्या अंतर है?
12"सब कुछ पीछे छोड़कर परमेश्वर का अनुसरण करो" इसका क्या मतलब है?
13सच्चाई को समझने और सिद्धांत को समझने में क्या अंतर है?
14धार्मिक समारोह में शामिल होना क्या है?
15क्यों कलिसियाएँ भ्रष्ट होकर धर्म बन जाने में सक्षम हैं?
16मसीह-शत्रु किसे कहते हैं?
17एक झूठा मसीह क्या होता है?
18एक झूठा नेता या झूठा चरवाहा क्या होता है?
19पाखंड क्या है?
20एक अविश्वासी व्यक्ति क्या होता है?
21परमेश्वर का अनुसरण करना किसे कहते हैं?
22मनुष्य का अनुसरण करना किसे कहते हैं?
23गेहूं और जंगली पौधे के बीच क्या अंतर है?
24एक अच्छे नौकर और एक बुरे नौकर के बीच क्या अंतर है?
25पवित्र आत्मा का कार्य क्या है? पवित्र आत्मा का कार्य कैसे प्रकट किया जाता है?
26पवित्र आत्मा के कार्य को कोई कैसे प्राप्त कर सकता है?
27बुरी आत्माओं का क्या काम है? बुरी आत्माओं का काम कैसे प्रकट होता है?
28पवित्र आत्मा के कार्य और बुरी आत्माओं के काम के बीच क्या अंतर है?
29दुष्टात्माओं के कब्ज़े में आ जाना क्या है? दुष्टात्माओं के कब्ज़े में आ जाना कैसे प्रकट होता है?
30बुद्धिमान कुंवारियाँ कौन हैं? मूर्ख कुंवारियाँ कौन हैं?
31बुद्धिमान कुंवारियों को क्या पुरस्कार दिया जाता है? क्या मूर्ख कुंवारियाँ विपत्ति में पड़ जाएँगी?
32विपत्ति के पहले स्वर्गारोहण क्या है? ऐसा विजयी किसे कहते हैं जिसे विपत्ति से पहले पूर्ण किया जाता हो?
33क्या वह हर व्यक्ति जो सर्वशक्तिमान परमेश्वर को स्वीकार नहीं करता है, वास्तव में विपत्ति में पड़ जाएगा?
34परमेश्वर उन लोगों को क्यों विपत्तियों में डाल देगा जो सर्वशक्तिमान परमेश्वर को स्वीकार करने से इनकार करते हैं?
35कितने धर्मी लोग विपत्तिओं में परमेश्वर के पास वापस आ जाएँगे?
36अच्छे कर्म क्या हैं? अच्छे कर्मों की अभिव्यक्तियाँ क्या हैं?
37बुरे कर्म क्या हैं? बुरे कर्मों की अभिव्यक्तियाँ क्या हैं?
38परमेश्वर किन लोगों को बचाता है? वह किन लोगों को हटा देता है?
39किसी व्यक्ति के अंत का निर्णय परमेश्वर किस बात पर आधारित करता है?
40परमेश्वर की प्रजा में कौन होते हैं? सेवाकर्त्ता कौन होते हैं?
41जो लोग बचाए और पूर्ण किये गए हैं उनके लिए परमेश्वर के क्या वादे हैं?
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